मेरे सनकी अरबपति बनने से पहले

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अध्याय 64

किरन की नज़र से

लोगन के फूट पड़ने के बाद जो सन्नाटा छाया, वो खिंचता ही चला गया—चिपचिपा, भारी और बेचैन करने वाला। तीस जोड़ी निगाहें कभी उसके, कभी टायलर के बीच उछलती रहीं, जैसे सब इंतज़ार कर रहे हों कि पहले कौन टूटेगा।

टायलर का जबड़ा कस गया। वो कुर्सी पर पीछे टिक गया और जान-बूझकर, बेहद धीरे-धीरे...

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